होटलों, धर्मशालाओं का उपयोग क्वेरेटाइन सेन्टर के रूप में किया जाएगा


अल्मोड़ा। जिला मजिस्ट्रेट नितिन सिंह भदौरिया ने बताया कि कोरोना वायरस कोविड-19 संक्रमण एक अन्तर्राष्ट्रीय जन स्वास्थ्य समस्या के रूप में परिलक्षित हो रहा है। चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग उत्तराखण्ड शासन देहरादून द्वारा कोराना वायरस के रोकथाम एवं नियंत्रण प्रबन्धन के अन्तर्गत कोरोना वायरस संक्रमण को फैलने से रोकने हेतु विभिन्न कार्यवाही करने के निर्देश दिये गये है। उन्होंने बताया कि कोराना वायरस संक्रमण के दृष्टिगत कुमाऊॅ मण्उल विकास निगम लि0 पर्यटन विभाग के अधीन समस्त गेस्ट हाऊसों को अस्थाई रूप से जिला प्रशासन के नियंत्रण में रखे जाने के साथ-साथ महामारी अधिनियम 1987 के तहत कोरोना वायरस सकं्रमण की रोकथाम एवं नियंत्रण हेतु आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिये गये है ताकि जनपद अन्तर्गत कुमाऊॅ मण्डल विकास निगम के गेस्ट हाऊसों तथा होटलों, धर्मशालाओं आदि का उपयोग क्वेरेटाईन सेन्टर के रूप में किया जा सके।

उन्होंने बताया कि जनपद अन्तर्गत सोलूना रिसोर्ट मरचूला, लेबुआ कोर्बेट भकराकोट मरचूला, होटल शिखर माल रोड, अल्मोड़ा, होटल पार्वती इन रानीखेत, कसार जंगल रिसोर्ट बिनसर रोड अल्मोड़ा, बिनसर इको रसोर्ट, डीनापानी, अल्मोड़ा को संस्थागत क्वेरेटाईन सेन्टर के रूप में उपयोग में लाये जाने हेतु अस्थाई रूप से अग्रिम आदेशों तक जिला प्रशासन, अल्मोड़ा द्वारा अधिग्रहित किया गया है। उन्होंने सम्बन्धित उपजिलाधिकारियों को निर्देश दिये है कि तत्काल उपरोक्त होटलों के अपनी सुपुर्दगी में लेते हुए मुख्य चिकित्साधिकारी अल्मोड़ा के साथ समन्वय स्थापित कर संस्थागत क्वेरेटाईन सेन्टर में परिवर्तित करने हेतु आवश्यक कार्यवाही करना सुनिश्चित करेंगे।   


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